Monthly Archives: November 2014

तुगलकी फरमान

Sikandar Kumar Mehta अखिल भारत हिंदू महासभा ने एक बार फिर तुगलकी फरमान जारी किया है। हिंदू महासभा के उपाध्यक्ष धर्मपाल सिवाच ने कहा कि समाज में बढ़ती अश्लीलता को रोकने के लिए स्कूलों और कॉलेजों में ‘ड्रेस कोड’ लागू … Continue reading

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टोनही अंधविश्वास ने दस साल में ली 200 जान

Sikandar Kumar Mehta छत्तीसगढ़ में टोनही का कहर लगातार जारी है। पिछले दस साल में टोनही प्रताड़नामें लगभग 200 लोगों को जान गंवानी पड़ी। इसका सबसे ज्यादा असर ग्रामीण क्षेत्रों में देखने को मिल रहा है, जहां बड़े पैमाने पर … Continue reading

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क्या इतिहास खुद को दोहरा रहा है ?

Sikandar Kumar Mehta 1971 में रायबरेली से इंदिरा गांधी ने राजनारायण को हराया था. जयप्रकाश नारायण के सबसे ताकतवर साथियों में एक राजनारायण ने इंदिरा गांधी को चुनाव में कड़ी चुनौती दी थी, लेकिन वे हार गए थे. इसके चार … Continue reading

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Andheri Nagri Choupat Raja

Sikandar Kumar Mehta देश का प्रधानमंत्री जेनेटिक साइंस और प्लास्टिक सर्जरी के लिए कर्ण और गणेश का उदाहरण देता है! शिक्षा मंत्री हाथ और कुंडली दिखाकर भविष्य पूछने ज्योतिषी के पास जाती है! जल-संसाधन मंत्री अंग्रेजी को संस्कृत से रिप्लेस … Continue reading

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मैं नास्तिक क्यूं ह

Sikandar Kumar Mehta 23 मार्च को भगत सिंह की शहादत केदिन हर साल उन्हें याद किया जाता है लेकिन कम लोग जानते हैं कि घंटों तक गायत्री मंत्र का जाप करने वाले भगत सिंह अपने अध्ययन के चलते नास्तिक हो … Continue reading

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रामपाल के बाद अब राम रहीम मुश्किल में

Sikandar Kumar Mehta लगता है ‘खुद को ईश्वर’ बताने वाले बाबाओं के बुरे दिन चल रहे हैं. विवादित ‘स्वयंभू गॉड’ रामपाल के बाद हरियाणा के ही एक और बाबा कोर्ट के निशाने पर आ गए हैं. सिरसा में डेरा जमाए … Continue reading

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आरक्षण क्यों ?

Sikandar Kumar Mehta जब बात आरक्षण की होती है तो सब भारतीय संविधान द्वारा अनुसूचित-जाती, जनजाति एवं अतिपिछड़ा वर्ग को मिले उस आरक्षण या विशेष अधिकारों की ही बात करतें हैं जिन्हें लागू हुए मुश्किल से 64 वर्ष ही हुए … Continue reading

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