Tag Archives: धर्म

पुजारियों की पैदावार – मीरा नन्दा

इस लेख में मीरा नंदा ने चर्चा की है कि किस तरह विश्‍वविद्यालय का दर्जा प्राप्‍त अनेक शिक्षा संस्‍थान पंडो, पुजारियों, कर्मकाण्डियों की पूरी जमात तैयार कर रहे हैं। ये लेख फ्रण्‍टलाइन पत्रिका में छपा था व इसका अनुवाद अमर … Continue reading

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[कविता] : धर्म

Follow Tweets by @1manatheist नफरत हिंसा द्वेष घृणा का ढूंढा तो आधार धर्म । जितना खून बहा है जग में उसका भी आधार धर्म । विश्व विवादों की जा जड़ में देखा तो आधार धर्म । भूख गरीबी और शोषण … Continue reading

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आस्तिक और नास्तिक

आस्तिक और नास्तिक Follow Tweets by @1manatheist • जिस प्रकार आस्तिकों की “आस्था”होती है और आस्तिक लोग जब भी मौका या समय मिलता है अपनी आस्था व्यक्त करने से लिए तथा अपनी आस्था के समर्थन में विचार रखने के लिए … Continue reading

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धर्म और आस्था के नाम पर वेश्यावृति

Tweets by @1manatheist आंध्र प्रदेश की लक्ष्मम्मा अधेड़ उम्र की हैं और उनके मां-बाप ने उन्हें मंदिर को देवदासी बनाने के लिए दान कर दिया। इसकी वजह लक्ष्मम्मा कुछ यू बयां करती हैं, ‘मेरे माता-पिता की तीनों संतानें लड़कियां थीं। … Continue reading

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क्या दुनिया से धर्म ग़ायब हो जाएगा !

क्या दुनिया से धर्म ग़ायब हो जाएगा नास्तिकता दुनियाभर में बढ़ रही है, तो क्या धार्मिक होना अतीत की बात हो जाएगी? इस सवाल का जवाब मुश्किल नहीं, बहुत-बहुत मुश्किल है. कैलिफ़ोर्निया में क्लेरमोंट के पिटज़र कॉलेज में सामाजिक विज्ञान … Continue reading

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धर्म – एक मीठा जहर

~धर्म में ठहराव है और आगे बढ़ना जिंदगी है~ धर्म की तुलना हम ठहरे हुए पानी से कर सकते है। सभी धर्मो में ईश्वर अल्लाह भगवान इत्यादि की कल्पना के आगे कुछ नहीं है, धर्म यहीं पर आकर ठहर चूका … Continue reading

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कुछ विश्वप्रसिद्ध लोगो के धर्म/मजहब के बारे में विचार

कुछ विश्वप्रसिद्ध लोगो के धर्म /मजहब के बारे में विचार १ – आचार्य चार्वाक का कहना था – ” इश्वर एक रुग्ण विचार प्रणाली है , इससे मानवता का कोई कल्याण होने वाला नहीं है ” २ – अजित केशकम्बल … Continue reading

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